छात्रों ने शिक्षक पर लगाया मारपीट करने का आरोप, DEO ने दिया जांच का आदेश

रायपुर। राजधानी रायपुर के माना स्थित नवोदय स्कूल में टीचर और वार्डन द्वारा 4 छात्रों के साथ मारपीट का गंभीर मामला सामने आया है। सभी छात्र कक्षा 10वीं के हैं।
जानकारी के मुताबिक, देर रात छात्र एक मोबाइल पर वीडियो देख रहे थे। इसी दौरान हॉस्टल वार्डन ने कमरे से आवाजें सुनीं और अंदर पहुंचकर मोबाइल देखने की बात शिक्षक डीके सिंह को बताई। इसके बाद वार्डन और टीचर ने छात्रों को छड़ी और रॉड से पीटा। छात्रों ने आरोप लगाया है कि शिक्षक ने छाती पर लात मारी और प्राइवेट पार्ट पर भी हमला करने की कोशिश की। एक छात्र के हाथ-पांव में गंभीर चोट आई है, जबकि अन्य के शरीर पर भी चोटों के निशान हैं। बच्चों का कहना है कि डीके सिंह सभी छात्रों को अक्सर पीटते हैं।
वहीं, प्रिंसिपल लक्ष्मी सिंह का कहना है कि बच्चे एडल्ट कंटेंट देख रहे थे, जिसे पहले भी मना किया गया था। हालांकि, उनका मानना है कि मारपीट करना सही नहीं था। उन्होंने कहा कि घटना को जितना गंभीर दिखाया जा रहा है, उतना गंभीर नहीं है। पीड़ित छात्रों के परिजनों ने आरोप लगाया कि बच्चों से गलती हो सकती है, लेकिन शिक्षक को उन्हें बेरहमी से पीटने का हक नहीं। एक अभिभावक ने कहा कि मेरे बेटे का हाथ-पांव टूट गया है, यह सामान्य पिटाई नहीं है।
इस मामले पर आरोपी शिक्षक डीके सिंह ने सफाई देते हुए कहा कि उन्हें गलत तरीके से क्रिमिनल दिखाया जा रहा है। उन्होंने माना कि छड़ी से एक छात्र को मारा, लेकिन रॉड से पीटने और गंभीर चोट पहुंचाने का आरोप गलत है। रायपुर DEO हिमांशु भारती ने बताया कि कलेक्टर ने जांच के आदेश दिए हैं। छात्रों के स्वास्थ्य की निगरानी की जा रही है और रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई की जाएगी।





