गिल के फैसलों पर सवाल: शार्दुल ठाकुर ने अपनी गेंदबाज़ी का बचाव किया, सुंदर को मौका न देने पर मचा विवाद

मैनचेस्टर:भारत और इंग्लैंड के बीच चल रहे चौथे टेस्ट मैच में टीम इंडिया के कप्तान शुभमन गिल के फैसले पर सवाल उठने लगे हैं। इंग्लैंड ने मैच के दूसरे दिन भारत के 358 रनों के जवाब में दो विकेट के नुकसान पर 225 रन बना लिए हैं। इस दौरान इंग्लिश बल्लेबाजों ने भारतीय गेंदबाज़ों की जमकर धुनाई की, और खासतौर पर शार्दुल ठाकुर को उनके 5 ओवर में 35 रन देने के लिए आलोचना का सामना करना पड़ा। लेकिन शार्दुल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में अपनी गेंदबाज़ी का बचाव करते हुए सारी जिम्मेदारी कप्तान शुभमन गिल के सिर पर डाल दी।
शार्दुल ने कहा, “बॉलिंग देना कप्तान का फैसला होता है। मैं आज दो ओवर और कर सकता था, लेकिन यह गिल का निर्णय होता है। दो मैच के बाद लय में आना थोड़ा मुश्किल है, लेकिन मैं अनुभव का फायदा उठाने की कोशिश कर रहा हूं।” उनका यह बयान साफ इशारा करता है कि प्लेइंग स्ट्रैटेजी में उनकी भूमिका सीमित रही।
इसके अलावा, सबसे बड़ा सवाल यह उठा कि वाशिंगटन सुंदर को गेंदबाज़ी का मौका क्यों नहीं दिया गया, जबकि पिछले लॉर्ड्स टेस्ट की दूसरी पारी में उन्होंने 4 विकेट झटके थे। इंग्लिश बल्लेबाजों के खिलाफ जब बाकी गेंदबाज़ विफल दिखे, तब भी सुंदर को एक भी ओवर न देना क्रिकेट फैंस और विशेषज्ञों को समझ नहीं आया। रवींद्र जडेजा ने स्पिन में एक विकेट लेकर यह भी साबित किया कि पिच पर टर्न है, बावजूद इसके सुंदर को नजरअंदाज किया गया।
एक और चर्चा का विषय ऋषभ पंत रहे, जो चोट के बावजूद बल्लेबाजी के लिए उतरे और 54 रन की अहम पारी खेली। शार्दुल ने बताया कि यह पहले से योजना का हिस्सा था और मेडिकल टीम के सहयोग से पंत बल्लेबाजी करने आए।
कुल मिलाकर, टीम की रणनीति और कप्तान के कुछ फैसले अब बहस का विषय बन चुके हैं, खासकर जब मैच इंग्लैंड के पक्ष में झुकता दिख रहा है।





