मनी लॉन्ड्रिंग केस: ED की छापेमारी, 45 पुरानी कारें और 23 लाख कैश जब्त

हैदराबाद। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने मनी लॉन्ड्रिंग के एक मामले में हैदराबाद के पांच अलग-अलग ठिकानों पर छापेमारी की है। यह कार्रवाई सरकारी जमीन की अवैध बिक्री से जुड़े एक मामले में की गई, जिसमें 45 पुरानी कारें, 23 लाख रुपये नकद, और विदेशी मुद्रा जब्त की गई है।
यह मामला महेश्वरम मंडल के नागरम गांव की सरकारी या ‘भूदान’ जमीन की कथित फर्जी बिक्री से जुड़ा है। जांच एजेंसी के मुताबिक, खादरुनिसा नाम की एक महिला ने इस जमीन को अपनी पैतृक संपत्ति बताकर गलत दावा किया। इसके बाद राजस्व रिकॉर्ड में हेरफेर कर जमीन को निजी संस्थाओं को बेच दिया गया। ED के अनुसार, इस धोखाधड़ी में कई बिचौलिए और सरकारी अधिकारी शामिल थे। उन्होंने मिलकर दस्तावेजों में जालसाजी की, फर्जी रिकॉर्ड तैयार किए और सरकारी जमीन को निजी लिस्ट में शामिल कर दिया। इसके बाद यह जमीन बिक्री के लिए उपलब्ध कर दी गई।
ईडी ने यह छापेमारी धन शोधन निवारण अधिनियम (PMLA) के तहत की है। अधिकारियों ने बताया कि छापे के दौरान बरामद की गई संपत्ति और दस्तावेजों की जांच जारी है, और आने वाले दिनों में और लोगों से पूछताछ की जा सकती है। इस मामले में तेलंगाना पुलिस ने पहले ही एक एफआईआर दर्ज की थी, जिसके आधार पर अब ED ने मनी लॉन्ड्रिंग की जांच तेज कर दी है।





