कर्नाटक MLC बोले- बच्चों की सुरक्षा के लिए 2800 कुत्ते मरवाए, जेल जाने को तैयार

बेंगलुरु। कर्नाटक के जनता दल सेक्युलर नेता और विधान परिषद सदस्य एसएल भोजेगौड़ा ने बुधवार को सदन में चौंकाने वाला बयान दिया। उन्होंने कहा कि बच्चों की सुरक्षा को देखते हुए उन्होंने करीब 2800 आवारा कुत्तों को मरवाया था और इसके लिए जेल जाने को भी तैयार हैं। भोजेगौड़ा ने मांग की कि सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर कुत्तों के खिलाफ कार्रवाई के लिए कर्नाटक पहला राज्य बने।
भोजेगौड़ा ने बताया कि जब वे चिकमगलूर नगर निकाय के अध्यक्ष थे, तब मांस में जहर मिलवाकर कुत्तों को खिलाया गया और उन्हें नारियल के पेड़ों के नीचे दफनाया गया। उन्होंने कहा कि उन्हें जानवरों की चिंता है, लेकिन आवारा कुत्तों से बच्चों की सुरक्षा प्राथमिकता है। कर्नाटक में हाल ही में कई हमले हुए हैं। 12 अगस्त को बेंगलुरु यूनिवर्सिटी में दो छात्राएं घायल हुईं, 30 जुलाई को कोडिगेहल्ली में 70 वर्षीय बुजुर्ग की मौत हुई और 23 जुलाई को ओल्ड हुबली में तीन वर्षीय बच्ची पर हमला हुआ।
देश में भी यह मुद्दा चर्चा में है। 11 अगस्त को सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली-एनसीआर में आवारा कुत्तों को पकड़कर नसबंदी और स्थायी शेल्टर में रखने के निर्देश दिए थे। 28 जुलाई को कोर्ट ने डॉग बाइट्स और रेबीज मौतों को लेकर चिंता जताई थी। 2024 में 37 लाख डॉग बाइट्स और 54 रेबीज मौतें दर्ज हुईं। सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, ओडिशा में सबसे ज्यादा कुत्तों का अनुपात है, जबकि मणिपुर और लक्षद्वीप में कोई आवारा कुत्ते नहीं हैं। दुनिया में नीदरलैंड्स ऐसा देश है जहां आवारा कुत्ते नहीं हैं।





