नक्सल संगठन में अंदरूनी कलह, 22 लाख के इनामी अन्वेष की साथियों ने हत्या की; बीजापुर मुठभेड़ में दो ढेर

छत्तीसगढ़ और ओडिशा में नक्सल गतिविधियों को लेकर दो बड़ी घटनाएं सामने आई हैं। ओडिशा के कंधमाल जिले में 22 लाख रुपए के इनामी नक्सली अन्वेष की उसके ही साथियों ने गोली मारकर हत्या कर दी। वहीं छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में सुरक्षाबलों के साथ मुठभेड़ में दो वर्दीधारी नक्सली मारे गए हैं।
जानकारी के मुताबिक अन्वेष अपने 12 साथियों के साथ आत्मसमर्पण की तैयारी में था। वह दरिंगबाड़ी थाना क्षेत्र के पाकरी रिजर्व फॉरेस्ट में सक्रिय केकेबीएन ग्रुप का एरिया पार्टी कमांडर था। संगठन को उसके सरेंडर की भनक लग गई थी। इसी शक में मोस्ट वांटेड नक्सली सुकुरु और अन्य साथियों ने पहले विवाद किया और फिर उसकी गोली मारकर हत्या कर जंगल में दफना दिया। पुलिस ने इसे संगठन की अंदरूनी कलह का परिणाम बताया है।
इधर बीजापुर जिले के जांगला थाना क्षेत्र अंतर्गत इंद्रावती नदी के जैगुर-डोडुम जंगलों में नक्सलियों की मौजूदगी की सूचना पर सुरक्षाबलों की संयुक्त टीम सर्चिंग पर निकली थी। जवानों को देखते ही नक्सलियों ने फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में सुरक्षाबलों ने दो नक्सलियों को मार गिराया। मृतकों में एक महिला नक्सली भी शामिल है।
मुठभेड़ के बाद सर्च अभियान में एक एसएलआर, एक इंसास राइफल, एक 12 बोर राइफल, विस्फोटक सामग्री और दैनिक उपयोग की वस्तुएं बरामद की गईं। पुलिस अधिकारियों ने मुठभेड़ की पुष्टि करते हुए बताया कि क्षेत्र में सर्चिंग अभियान जारी है।
इससे पहले 6 फरवरी को छत्तीसगढ़-महाराष्ट्र सीमा पर हुई मुठभेड़ में सात नक्सली मारे गए थे, जिनमें तीन महिलाएं शामिल थीं। उस कार्रवाई के दौरान महाराष्ट्र का एक जवान शहीद हुआ था और एक अन्य घायल हुआ था।
पुलिस के अनुसार जनवरी 2024 से अब तक जिले में 232 नक्सली मारे जा चुके हैं। इस दौरान 1163 नक्सलियों को गिरफ्तार किया गया और 888 ने आत्मसमर्पण कर मुख्यधारा में वापसी की है। अधिकारियों का दावा है कि बस्तर संभाग में अब करीब 200 सशस्त्र नक्सली ही सक्रिय बचे हैं और संगठन का प्रभाव लगातार कम हो रहा है।





