पोते की हत्या के आरोपी गैंगस्टर ने जेल से भरा नामांकन, चेहरे पर कपड़ा और हाथ बंधे रहे

पोते की हत्या के आरोप में जेल में बंद कुख्यात गैंगस्टर बंदू अंडेकर ने पुणे नगरपालिका चुनाव के लिए जेल से नामांकन दाखिल किया है। अदालत की अनुमति के बाद उसे भारी पुलिस सुरक्षा के बीच नामांकन स्थल तक लाया गया, जहां उसका चेहरा कपड़े से ढका हुआ था और दोनों हाथ रस्सी से बंधे हुए थे।
विशेष मकोका अदालत ने बंदू अंडेकर को सशर्त अनुमति दी थी, जिसके तहत उसे न्यायिक हिरासत में रहते हुए नामांकन दाखिल करने के लिए जेल से बाहर लाया गया। इस दौरान उसे येरवडा केंद्रीय कारागार से पुलिस वैन के जरिए पुणे के भवानी पेठ इलाके स्थित निर्धारित केंद्र तक ले जाया गया।
बंदू अंडेकर ने निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर नामांकन दाखिल किया है। उसके साथ उसकी भाभी लक्ष्मी और बहू सोनाली ने भी अपने-अपने नामांकन पत्र जमा किए हैं। दोनों महिलाएं भी इसी हत्या मामले में आरोपी हैं। नामांकन स्थल पर ले जाते समय बंदू अंडेकर ने अपने समर्थन में नारे भी लगाए।
आरोप है कि पांच सितंबर को नाना पेठ इलाके में आयुष कोमकर की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। आयुष, गणेश कोमकर का बेटा था, जो बंदू अंडेकर के बेटे वनराज अंडेकर की हत्या के मामले में आरोपी रह चुका है। इस मामले में बंदू अंडेकर सहित उसके परिवार के सदस्य और अन्य लोगों को न्यायिक हिरासत में रखा गया है।
पुणे सहित राज्य की अन्य नगरपालिकाओं के चुनाव के लिए 15 जनवरी को मतदान होना है। इस बीच जेल में बंद आरोपी का नामांकन दाखिल करना इलाके में चर्चा का विषय बना हुआ है।





