हिंद महासागर से गुजरने वाली हर नाव-जहाज की निगरानी अब AI से, कमांडर सेंटर का उद्धाटन आज

दिल्ली। गुरुग्राम की अरावली पहाड़ियों में आज भारतीय नौसेना प्रमुख एडमिरल दिनेश के त्रिपाठी ने INS अरावली को कमीशन किया। यह अत्याधुनिक नेवल बेस स्टेशन हिंद महासागर में हर गतिविधि पर नजर रखने में सक्षम होगा। इसमें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित सिस्टम लगाया गया है, जो नौसेना की कमांड, कंट्रोल और मेरीटाइम डोमेन अवेयरनेस (MDA) को सपोर्ट करेगा।
INS अरावली का लोगो भी खास है, जिसमें पर्वत श्रृंखला अरावली की दृढ़ता और उगता सूर्य सतर्कता व नई टेक्नोलॉजी क्षमताओं का प्रतीक है। यहां स्थापित इंफॉर्मेशन मैनेजमेंट एंड एनालिसिस सेंटर (IMAC) और इंफॉर्मेशन फ्यूजन सेंटर–इंडियन ओशन रीजन (IFC-IOR) हर शिप की गतिविधियों की निगरानी करेंगे। किसी भी खतरे या दुर्घटना की स्थिति में जानकारी तुरंत संबंधित कमांड तक पहुंचाई जाएगी। हिंद महासागर क्षेत्र से 80% से अधिक तेल और 75% समुद्री व्यापार गुजरता है। यही वजह है कि यह क्षेत्र रणनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण है। IFC-IOR समुद्री डकैती, आतंकवाद, तस्करी, अवैध मछली पकड़ने और मानव तस्करी जैसी गतिविधियों पर नजर रखेगा।
यह सेंटर 28 देशों के साथ 76 से अधिक अंतरराष्ट्रीय संपर्कों से जुड़ा है और 25 देशों के 43 मल्टीनेशनल सेंटर की लाइव फीड यहां उपलब्ध होगी। इसमें ऑस्ट्रेलिया, फ्रांस, जापान, अमेरिका और ब्रिटेन जैसे देशों के अधिकारी भी शामिल हैं। INS अरावली का एआई और बिग डेटा एनालिसिस सिस्टम दुश्मन देशों की गतिविधियों को चंद सेकंड में पहचान सकता है। लाइव टाइम मॉनिटरिंग और सैटेलाइट कनेक्टिविटी इसे भारतीय नौसेना के लिए एक मजबूत रणनीतिक हथियार बनाती है।





