उधार के पैसों के विवाद में ड्राइवर की हत्या, आरोपी हेल्पर को उम्रकैद की सजा

छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में पिकअप ड्राइवर की हत्या के मामले में अदालत ने आरोपी को अजीवन कारावास की सजा सुनाई है। उधार के पैसे मांगने को लेकर हुए विवाद में हेल्पर ने कुल्हाड़ी से हमला कर ड्राइवर की हत्या कर दी थी।
घटना पूंजीपथरा थाना क्षेत्र की है, जहां 22 अगस्त 2024 की रात पिकअप ड्राइवर वीरेंद्र खम्हारी और उसके हेल्पर सूरज राठिया के बीच पैसों को लेकर विवाद हुआ। दोनों लेबर कॉलोनी में अलग-अलग क्वार्टर में रहते थे और आपस में परिचित थे।
विवाद बढ़ने पर सूरज राठिया ने कुल्हाड़ी और लकड़ी के पटरे से वीरेंद्र पर हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। इलाज के लिए अस्पताल ले जाते समय उसकी मौत हो गई।
घटना के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। फरार आरोपी को उसके क्वार्टर से गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में उसने अपराध स्वीकार कर लिया।
जांच के दौरान पुलिस ने घटनास्थल से मिले साक्ष्य, एफएसएल रिपोर्ट और गवाहों के बयान अदालत में पेश किए। अभियोजन पक्ष ने कुल 22 गवाहों के बयान दर्ज कराए।
दोनों पक्षों की सुनवाई के बाद चतुर्थ अपर सत्र न्यायाधीश ने आरोपी को अजीवन कारावास और 100 रुपए के अर्थदंड की सजा सुनाई।





