बहराइच में CM योगी का बयान: आक्रांताओं का महिमामंडन स्वीकार नहीं

बहराइच | 20 मार्च 2025: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बहराइच में एक कार्यक्रम के दौरान कहा कि विदेशी आक्रांताओं का महिमामंडन करना देशद्रोह को बढ़ावा देना है। उन्होंने कहा कि स्वतंत्र भारत किसी भी देशद्रोही को स्वीकार नहीं कर सकता।
तहसील भवन का उद्घाटन
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बहराइच जिले के मिहींपुरवा (मोतीपुर) तहसील के नए भवन के उद्घाटन के लिए पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने कहा कि पिछली सरकारें सिर्फ घोषणाएं करती थीं, लेकिन उनकी सरकार ने बहराइच में विकास कार्यों को पूरा किया है।
‘जेठ मेले’ पर विवाद
बहराइच में हर साल मई-जून में सालार मसूद गाजी की दरगाह पर ‘जेठ मेला’ आयोजित होता है। इस मेले को लेकर हिंदू संगठनों ने विरोध जताया है और इसे बंद करने की मांग की है। मुख्यमंत्री योगी के इस बयान से यह स्पष्ट संकेत मिला कि इस मेले के आयोजन पर संकट के बादल मंडरा रहे हैं।
विदेशी आक्रांताओं पर कड़ा रुख
योगी आदित्यनाथ ने कहा,
“जो भारत के महापुरुषों का अपमान करता है और आक्रांताओं का महिमामंडन करता है, उन्हें नया भारत स्वीकार नहीं करेगा। इन आक्रांताओं ने भारत की सनातन संस्कृति को रौंदा था और हमारी आस्था पर प्रहार किया था।”
जनता के लिए जरूरी है तहसील भवन
मुख्यमंत्री ने कहा कि आम जनता को भूमि रिकॉर्ड, पैमाइश और लैंड यूज से जुड़े मामलों के लिए तहसील की जरूरत होती है। 2017 में भाजपा सरकार बनने से पहले 33 लाख से ज्यादा राजस्व संबंधी मामले लंबित थे, जिससे गरीबों की जमीन पर कब्जे जैसी घटनाएं आम हो गई थीं। अब सरकार तेजी से न्याय व्यवस्था सुधारने पर काम कर रही है।
भेड़ियों के आतंक से राहत
सीएम योगी ने कहा कि बहराइच के लोग भेड़ियों के आतंक से परेशान थे और कई लोगों की जान जा चुकी थी। उनकी सरकार ने इस पर कार्रवाई की और प्रभावित परिवारों को मुआवजा दिया।
क्या आगे होगा?
- ‘जेठ मेले’ पर विवाद बढ़ सकता है, क्योंकि हिंदू संगठन इसे रद्द कराने की मांग कर रहे हैं।
- सरकार विदेशी आक्रांताओं के महिमामंडन को रोकने के लिए सख्त रुख अपना सकती है।
- तहसील और प्रशासनिक सुविधाओं के सुधार के लिए सरकार नए कदम उठा सकती है।
योगी आदित्यनाथ के इस बयान के बाद राज्य की सियासत में नया विवाद खड़ा हो सकता है।





