जम्मू-कश्मीर और हिमाचल में बादल फटने से तबाही, 4 लोगों की मौत; 6 घायल

दिल्ली। जम्मू-कश्मीर और हिमाचल प्रदेश में रविवार को बादल फटने की घटनाओं ने भारी तबाही मचाई। जम्मू-कश्मीर के कठुआ जिले में बॉर्डर से सटे इलाकों में तीन जगह बादल फटा।
इसमें जोद घाटी क्षेत्र में चार लोगों की मौत हो गई और छह लोग घायल हुए हैं। मथरे चक, बगार्ड-चंगड़ा और दिलवान-हुटली में भी भूस्खलन हुआ, जिससे कई घरों में पानी और मलबा भर गया। लैंडस्लाइड के बाद जोद गांव का संपर्क शहर से टूट गया, जिसे रेस्क्यू टीम ने मशक्कत के बाद बहाल किया।
मौसम विभाग ने जम्मू-कश्मीर के 11 जिलों में 17 से 19 अगस्त तक तेज बारिश और लैंडस्लाइड की आशंका जताई है। वहीं हिमाचल प्रदेश में कुल्लू जिले के शालानाला और टकोली क्षेत्र में सुबह बादल फटने से फ्लैश फ्लड आया। इस दौरान कुल्लू और मंडी में कई घर और वाहन क्षतिग्रस्त हुए, चंडीगढ़-मनाली फोरलेन पर यातायात रुक गया।
हिमाचल में इस मानसून सीजन में अब तक 261 लोगों की मौत हो चुकी है। उधर, जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ जिले के चसोटी गांव में 14 अगस्त को बादल फटने से अब तक 65 लोगों की मौत और 200 लोगों के लापता होने की खबर है। एनडीआरएफ, सेना और पुलिस की टीमें लगातार राहत-बचाव कार्य में जुटी हुई हैं। यह आपदाएं पहाड़ी राज्यों में मानसून के बढ़ते खतरे को दर्शाती हैं और प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती बनकर सामने आई हैं।





