बर्ड फ्लू के चलते चिकन-अंडा कारोबार ठप, नाराज व्यापारियों ने विधायक बंगले का किया घेराव

छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में बर्ड फ्लू के मामलों के बाद प्रशासन द्वारा चिकन और अंडों की बिक्री पर लगाए गए प्रतिबंध से व्यापारियों में आक्रोश बढ़ गया है। नाराज कारोबारियों ने विरोध प्रदर्शन करते हुए विधायक के बंगले का घेराव किया और अपनी समस्याएं सामने रखीं।
जिला प्रशासन ने कोनी स्थित शासकीय कुक्कुट प्रक्षेत्र में बर्ड फ्लू की पुष्टि के बाद एहतियातन शहर और आसपास के 10 किलोमीटर के दायरे में आने वाली सभी चिकन और अंडा दुकानों को बंद करने के निर्देश दिए हैं। संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए यह कदम उठाया गया है।
प्रशासन की सख्ती के चलते शहर में करीब 200 से अधिक दुकानों का संचालन प्रभावित हुआ है। व्यापारियों का कहना है कि रोजाना लगभग एक करोड़ रुपए का कारोबार ठप हो गया है, जिससे उनके सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है।
प्रदर्शन कर रहे व्यापारियों ने कहा कि पहले ही नवरात्रि के दौरान करीब 10 दिनों तक दुकानें बंद रहीं, जिससे नुकसान हुआ। अब दोबारा बिक्री शुरू होने की उम्मीद थी, लेकिन प्रतिबंध के कारण उनका स्टॉक भी खराब होने की स्थिति में है।
व्यापारियों ने यह भी आरोप लगाया कि बर्ड फ्लू का संक्रमण सरकारी हेचरी तक सीमित है, जबकि निजी दुकानों और सप्लाई में कोई समस्या नहीं है। इसके बावजूद प्रशासन द्वारा सभी दुकानों को बंद कराना उनके साथ अन्याय है।
विरोध के दौरान व्यापारियों ने मांग की कि सुरक्षा मानकों और गाइडलाइन का पालन करते हुए उन्हें दुकानें खोलने की अनुमति दी जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द राहत नहीं मिली तो उनका रोजगार पूरी तरह प्रभावित हो जाएगा।
विधायक ने प्रदर्शन कर रहे व्यापारियों को आश्वासन दिया है कि वे प्रशासन से चर्चा कर समाधान निकालने की कोशिश करेंगे।
इधर प्रशासन ने शहर के होटल और रेस्टोरेंट में भी चिकन और अंडों के उपयोग पर रोक लगा दी है। नगर निगम की टीमें लगातार निगरानी कर रही हैं और कई स्थानों पर नॉनवेज आइटम उपलब्ध न होने के पोस्टर लगाए गए हैं।
अधिकारियों का कहना है कि यह कदम केवल जन स्वास्थ्य को ध्यान में रखकर उठाया गया है और स्थिति सामान्य होने पर प्रतिबंध हटाने पर विचार किया जाएगा।





