डेडलाइन से पहले नक्सलवाद पर बड़ा वार: कांकेर में 19 नक्सलियों के आत्मसमर्पण की तैयारी

उत्तर बस्तर के कांकेर जिले में नक्सलवाद के खिलाफ चल रहे अभियान को बड़ी सफलता मिलने जा रही है। तय समय-सीमा से पहले ही जिले को नक्सल मुक्त बनाने की दिशा में अहम कदम उठाते हुए 19 नक्सलियों के आत्मसमर्पण की तैयारी है। इनमें परतापुर एरिया कमेटी के सदस्य शामिल हैं, जो लंबे समय से सक्रिय थे।
जानकारी के अनुसार, ये सभी नक्सली अबूझमाड़ और कांकेर के घने जंगलों में छिपे हुए थे और कोयलीबेड़ा के रास्ते जिला मुख्यालय पहुंचकर आत्मसमर्पण करेंगे। सुरक्षा एजेंसियों का मानना है कि इस कदम से क्षेत्र में नक्सल नेटवर्क को बड़ा झटका लगेगा।
आत्मसमर्पण करने वालों में महिला नक्सली रूपी का नाम प्रमुख है, जो स्टेट कमेटी मेंबर विजय रेड्डी की पत्नी बताई जा रही है। विजय रेड्डी पहले नक्सल गतिविधियों में सक्रिय था और मुठभेड़ में मारा जा चुका है। सूत्रों के मुताबिक, रूपी संगठन में प्रभावशाली भूमिका निभा रही थी।
पिछले कुछ दिनों में भी जिले में नक्सलियों के आत्मसमर्पण की संख्या बढ़ी है। हाल ही में 6 नक्सलियों ने सरेंडर किया था, जिससे साफ है कि सुरक्षाबलों के बढ़ते दबाव के चलते संगठन कमजोर हो रहा है।
अधिकारियों के अनुसार, लगातार चलाए जा रहे ऑपरेशन और सख्त रणनीति के कारण नक्सली संगठन बिखरने की कगार पर है। ऐसे में बड़ी संख्या में आत्मसमर्पण से कांकेर जिले के पूरी तरह नक्सल मुक्त होने का रास्ता साफ होता नजर आ रहा है।





