घर में सक्रियता, दुनिया में कूटनीतिक चमक, तस्वीरों में दिखा प्रधानमंत्री मोदी का साल

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लिए साल 2025 घरेलू गतिविधियों और अंतरराष्ट्रीय कूटनीति, दोनों ही स्तरों पर खास रहा। इस साल उन्होंने देश के पवित्र धार्मिक स्थलों, सीमावर्ती इलाकों, महत्वपूर्ण इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजनाओं और जन-केंद्रित कार्यक्रमों का दौरा किया। प्रधानमंत्री ने अपने इस व्यस्त और यादगार साल की झलकियां तस्वीरों के जरिए साझा की हैं, जिनमें उनके अलग-अलग अंदाज देखने को मिलते हैं।
अयोध्या में श्रीराम जन्मभूमि मंदिर से जुड़ा एक ऐतिहासिक पल भी इस साल देखने को मिला, जब प्रधानमंत्री ने मंदिर के 161 फीट ऊंचे सुनहरे शिखर पर भगवा ध्वज फहराया। इस दौरान मंदिर परिसर शंखनाद, घंटियों और भजनों से गूंज उठा। प्रधानमंत्री ने इसे सदियों पुराने दर्द और संघर्ष के भरने का प्रतीक बताया।
राष्ट्रीय सुरक्षा के मोर्चे पर भी यह साल अहम रहा। ऑपरेशन सिंदूर के दौरान प्रधानमंत्री की अध्यक्षता में उच्चस्तरीय बैठकें हुईं, जिनमें रक्षा मंत्री, राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार, चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ और तीनों सेनाओं के वरिष्ठ अधिकारी शामिल रहे। भारत-पाकिस्तान के बीच सीजफायर के बाद प्रधानमंत्री ने पंजाब के आदमपुर एयर बेस का दौरा कर सैनिकों से बातचीत की, जहां सुरक्षा हालात की समीक्षा की गई।
धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों में भी प्रधानमंत्री की सक्रियता दिखी। उन्होंने प्रयागराज में कुंभ मेले के दौरान त्रिवेणी संगम में पवित्र स्नान किया। विदेश दौरों की बात करें तो प्रधानमंत्री सात साल बाद चीन पहुंचे, जहां उन्होंने शंघाई सहयोग संगठन शिखर सम्मेलन में हिस्सा लिया। इस मंच पर वैश्विक दक्षिण की एकजुटता का संदेश दिया गया।
श्रीलंका यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री ने अनुराधापुरा स्थित जय श्री महाबोधि मंदिर में दर्शन किए और बौद्ध धर्म से जुड़े धार्मिक नेताओं से मुलाकात की। निजी पलों की बात करें तो उनके आवास पर एक बछड़े के साथ बिताए गए समय का वीडियो भी चर्चा में रहा।
जनसंपर्क के स्तर पर प्रधानमंत्री ने हरियाणा के यमुनानगर में अपने एक पुराने समर्थक से मुलाकात कर उसकी वर्षों पुरानी मन्नत पूरी की। वहीं फ्रांस के बाद अमेरिका दौरे के दौरान उन्हें वहां के पूर्व राष्ट्रपति की ओर से एक हस्ताक्षरित पुस्तक भी भेंट की गई, जिसे दोस्ती और सहयोग की याद के रूप में देखा गया।
कुल मिलाकर प्रधानमंत्री मोदी का 2025 राजनीतिक, धार्मिक, कूटनीतिक और मानवीय पहलुओं का संतुलित प्रतिबिंब रहा, जिसकी झलक इन तस्वीरों में साफ नजर आती है।





