शराबबंदी वाले बिहार में B.Ed कॉलेज बना जश्न का अड्डा, प्रिंसिपल पर शराब पार्टी और कर्मी से मारपीट का आरोप

बिहार में लागू शराबबंदी कानून के बीच समस्तीपुर जिले से एक गंभीर मामला सामने आया है, जहां एक B.Ed टीचर्स ट्रेनिंग कॉलेज में खुलेआम शराब पीने-पिलाने और कॉलेज कर्मी के साथ बेरहमी से मारपीट करने के आरोप लगे हैं। यह मामला मुफस्सिल थाना क्षेत्र के वीआईपी मोहल्ला काशीपुर स्थित कॉलेज का बताया जा रहा है, जिसने शिक्षा व्यवस्था और कानून के पालन पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में कॉलेज प्रिंसिपल के चेंबर के अंदर टेबल पर शराब की बोतलें रखी नजर आ रही हैं। दावा किया जा रहा है कि कॉलेज परिसर में रात के समय नियमित रूप से शराब पार्टी होती थी। इसी दौरान कॉलेज में कार्यरत एक कर्मी के साथ मारपीट की घटना सामने आई है।
पीड़ित कर्मी का आरोप है कि प्रिंसिपल ने उसे अपने चेंबर में बुलाया था, जहां किसी बात को लेकर विवाद हुआ। विवाद बढ़ने पर प्रिंसिपल ने पहले लाठी-डंडे से पिटाई की और फिर धारदार हथियार से उस पर जानलेवा हमला किया। पीड़ित का कहना है कि वह लगातार जान बचाने की गुहार लगाता रहा, लेकिन मौके पर मौजूद लोग तमाशबीन बने रहे।
घटना के बाद कॉलेज परिसर में अफरा-तफरी मच गई। किसी तरह पीड़ित अपनी जान बचाकर बाहर निकला और डायल 112 पर पुलिस को सूचना दी। पुलिस मौके पर पहुंची और घायल कर्मी को इलाज के लिए सदर अस्पताल में भर्ती कराया। आरोप है कि पुलिस के पहुंचने से पहले ही कॉलेज प्रिंसिपल मौके से फरार हो गया।
पीड़ित ने बताया कि वह कॉलेज में डाटा ऑपरेटर के पद पर कार्यरत है और पहले भी कॉलेज में अवैध गतिविधियों का विरोध करने पर कर्मियों को धमकाने और मारपीट करने की घटनाएं हो चुकी हैं।
सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद मामला तूल पकड़ चुका है। लोगों का कहना है कि जब बिहार में 2016 से शराबबंदी लागू है, तब शिक्षा के नाम पर चलने वाले संस्थान में इस तरह की गतिविधियां बेहद चिंताजनक हैं। शिक्षक प्रशिक्षण संस्थान से जुड़े इस मामले ने शिक्षा व्यवस्था की साख पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं।
पुलिस का कहना है कि पीड़ित की शिकायत के आधार पर मामले की जांच की जा रही है। वायरल वीडियो और लगाए गए आरोपों की सत्यता की पड़ताल के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।





