Congress PC: कांग्रेस ने आरोप लगाया ,उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने जनता के पैसों का किया दुरुपयोग
Congress PC: भ्रष्टाचार की जांच की मांग

कांग्रेस ने छत्तीसगढ़ सरकार पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाया है। (Congress PC) पार्टी ने उपमुख्यमंत्री अरुण साव पर अपने निजी कार्यक्रम में जनता के पैसों का दुरुपयोग करने का गंभीर आरोप लगाया है। कांग्रेस का कहना है कि 4 अगस्त 2024 को बोडला में हुए निजी शोक सभा में मुख्यमंत्री और कृषि मंत्री की उपस्थिति में सत्तासी लाख रुपये खर्च किए गए, जो कि एक सामान्य श्रद्धांजलि सभा के लिए अत्यधिक राशि है। कांग्रेस ने मामले की निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए कहा कि यह भ्रष्टाचार की मिसाल है और इसमें मंत्री व अधिकारियों की मिलीभगत का स्पष्ट प्रमाण है
पीडब्ल्यूडी मंत्री अरुण साव के भांजे के निजी कार्यक्रम में सत्तासी लाख रुपये का खर्च
कांग्रेस पार्टी ने आरोप लगाया है कि उपमुख्यमंत्री अरुण साव के भांजे तुषार साहू की मृत्यु के बाद आयोजित श्रद्धांजलि सभा में बेमेतरा जिले के नयापारा में अत्यधिक धन खर्च किया गया।(Congress PC) कांग्रेस ने दावा किया कि मुख्यमंत्री के आधे घंटे के दौरे के लिए 87 लाख रुपये से ज्यादा का खर्च किया गया, जो अत्यधिक और अनुचित था। इस राशि से पूरी तरह से एक विशाल आमसभा के लिए पंडाल और अन्य व्यवस्थाएं की जा सकती थीं। कांग्रेस ने सवाल उठाया कि टेंट हाउस और कैटरिंग के बिलों में गड़बड़ी और फर्जीवाड़े के संकेत मिल रहे हैं…
कांग्रेस ने उठाए गंभीर सवाल,Congress PC
शहर अध्यक्ष विजय पांडे ने कहा कि छत्तीसगढ़ में भाजपा की डबल इंजन सरकार बनने के बाद से भ्रष्टाचार ने चरम सीमा को छुआ है।(Congress PC) उन्होंने उदाहरण देते हुए बताया कि उपमुख्यमंत्री अरुण साहू, जो लोक निर्माण विभाग के मंत्री भी हैं, के भांजे की श्रद्धांजलि कार्यक्रम बेमेतरा में आयोजित किया गया था। इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय सहित कई मंत्री और अन्य नेता भी शामिल हुए थे। पांडे ने आरोप लगाया कि इस कार्यक्रम के लिए पूरे टेंट का खर्च पीडब्ल्यूडी विभाग ने उठाया, जिसकी कुल लागत 87 लाख रुपए थी।
कांग्रेस ने इस मामले की जांच हाई कोर्ट के रिटायर्ड जज से कराने की मांग की है
उन्होंने इसे स्पष्ट रूप से जनता के पैसे का दुरुपयोग करार दिया…..पार्टी ने आरोप लगाया है कि डिप्टी सीएम अरुण साव ने अपने पद का दुरुपयोग करते हुए सरकारी धन को निजी कार्यक्रम में खर्च किया है, जिससे उनके पद पर बने रहने के नैतिक अधिकार पर सवाल उठते हैं। कांग्रेस ने यह भी दावा किया कि सूचना के अधिकार के तहत पीडब्ल्यूडी विभाग से बिल और आर्डर की कापी मांगी गई थी, लेकिन विभाग ने उसे देने से इंकार कर दिया। कांग्रेस ने इस मामले की जांच हाई कोर्ट के रिटायर्ड जज से कराने की मांग की है……





